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IMPORTANT TERMINOLOGY

पाठ्यक्रम में उल्लिखित विषयों की पारिभाषिक शब्दावलियों एवं देश-दुनिया में चर्चा में रही शब्दावलियों से परीक्षाओं में प्रश्न पूछे जाने का चलन तेजी से बढ़ा है। यह खंड वस्तुनिष्ठ और लिखित दोनों परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण है। शब्दावलियों से परिचय अभ्यर्थियों को कम परिश्रम से अधिक अंक लाने में मदद करता है। इस खंड में प्रतिदिन एक महत्वपूर्ण शब्दावली से परिचय कराया जाता है।

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1. कोबवेब घटना (Cobweb phenomenon)

03-Jun-2024

यह एक आर्थिक सिद्धांत है, जो प्रदर्शित करता है कि मूल्यों में उतार-चढ़ाव से आपूर्ति में उतार-चढ़ाव होता है, जिससे कीमतों में वृद्धि और गिरावट का चक्र बनता है। उदाहरण के लिए किसी फसल विशेष के अधिक उत्पादन से उसकी कीमतें कम हो जाती हैं। कीमतों में आई यह कमी उस फसल के उत्पादन को हतोत्साहित करती है, जिससे उत्पादन कम हो जाता है और कीमतें पुनः बढ़ जाती हैं।

2. शून्य कूपन बॉण्ड (Zero Coupon Bonds)

01-Jun-2024

ये सरकार या कंपनी द्वारा जारी वे बांड होते हैं, जो अन्य बांड के विपरीत निवेशकों को परिपक्वता अवधि के दौरान नियमित ब्याज भुगतान नहीं देते हैं। इसके बजाय इन्हें अंकित मूल्य पर भारी छूट (Discount) पर जारी किया जाता है और परिपक्वता अवधि पर अंकित मूल्य पर भुनाया जाता है। इन्हें डिस्काउंट बॉन्ड भी कहते हैं।

3. रिवर्स फ़्लिप (Reverse flips)

31-May-2024

कई बार कर या नियामकीय कारणों से कम्पनियाँ अपना मुख्यालय विदेशों में स्थानांतरित कर देती हैं। ऐसी कंपनियों के विदेशों में स्थित मुख्यालय को वापस उनके देश में स्थानांतरित करने की प्रक्रिया के लिए रिवर्स फ़्लिप शब्द प्रयोग किया जाता है। इसे 'री-डोमिसाइलिंग' भी कहते हैं।

4. संवहन-धारा सिद्धांत (Convectional current theory)

30-May-2024

इस सिद्धांत के अनुसार, संवहन धाराएँ पृथ्वी के पूरे मैंटल भाग में रेडियोएक्टिव तत्त्वों के कारण हुई ताप भिन्नता से उत्पन्न होती हैं। वर्ष 1930 के दशक में आर्थर होम्स ने संवहन धाराओं के प्रभाव की व्याख्या की थी। यह उन बलों की व्याख्या प्रस्तुत करने का प्रयास था, जिसके आधार पर समकालीन वैज्ञानिकों ने महाद्वीपीय विस्थापन सिद्धांत को नकार दिया था।

5. सकल स्थिर पूंजी निर्माण (Gross fixed capital formation)

29-May-2024

यह किसी अर्थव्यवस्था में स्थिर पूंजी के आकार में वृद्धि को संदर्भित करता है। यहाँ स्थिर पूंजी का तात्पर्य सड़क, इमारतें एवं मशीनरी जैसे बुनियादी ढांचे से है। इसके अंतर्गत सभी विनिर्माण इकाइयों में तैयार पूंजीगत वस्तुओं तथा विदेश से आयातित पूंजीगत वस्तुओं के मूल्य को भी शामिल किया जाता है। इस प्रकार इसमें सरकार एवं निजी क्षेत्र दोनों के पूंजीगत निवेश शामिल होते हैं।

6. साइलेंस पीरियड (Silence Period)

28-May-2024

भारत के निर्वाचन आयोग के अनुसार, मतदान दिवस से 48 घंटे पहले तक का समय साइलेंस पीरियड के नाम से जाना जाता है। जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 126 के तहत, इस अवधि के दौरान राजनीतिक दलों और उम्मीदवारों को चुनाव प्रचार करने की अनुमति नहीं होती है। यह पीरियड मतदान की समाप्ति के साथ समाप्त हो जाता है।

7. सिविल यूनियन (Civil Union)

27-May-2024

यह विवाह के समान कानूनी रूप से मान्यता प्राप्त एक दर्जा है। यह दर्जा मुख्यतः उन क्षेत्रों/देशों में दिया जाता है, जहाँ समलैंगिक जोड़ों को विवाह करने के लिए पूर्ण कानूनी अनुमति नहीं मिली है। इस प्रकार यह समलैंगिक विवाह को मान्यता नहीं देने और पूर्ण मान्यता देने के बीच की स्थिति है।

8. इनवर्टेड ड्यूटी स्ट्रक्चर (Inverted Duty Structure)

24-May-2024

यह उस स्थिति को प्रदर्शित करता है, जिसमें तैयार उत्पाद की तुलना में उस उत्पाद से संबंधित कच्चे माल के आयात/खरीद पर अधिक प्रशुल्क/कर लगाया जा रहा हो। जैसे- सूती कपड़ों के आयात पर 10% और कॉटन के आयात पर 20% प्रशुल्क लगाया जाना। इस व्यवस्था में कच्चे माल के महंगे आयात के कारण उससे तैयार उत्पाद की कीमत तुलनात्मक रूप से बढ़ जाती है और घरेलू उद्योग हतोत्साहित होता है।

9. आर्कटिक एंप्लीफ़िकेशन (Arctic amplification)

23-May-2024

यह तापान्तर की घटना को संदर्भित करता है, जब पृथ्वी के वायुमंडल में परिवर्तन के कारण उष्ण कटिबंधीय क्षेत्रों की तुलना में उत्तरी और दक्षिणी ध्रुवों के तापमान में अधिक अंतर उत्पन्न हो जाता है तो इसे ही आर्कटिक एंप्लीफ़िकेशन कहा जाता है। यह अंतर उत्तरी ध्रुव पर तुलनात्मक रूप से अधिक स्पष्ट होता है। इसे पृथ्वी के औसत तापमान परिवर्तन के संदर्भ में मापा जाता है।

10. ट्रॉपिकलाइजेशन (Tropicalisation)

22-May-2024

उष्णकटिबंधीय समुद्री प्रजातियों का विषुवत रेखा से ध्रुवों की ओर प्रवास करते हुए समशीतोष्ण क्षेत्र में विस्थापन ट्रॉपिकलाइजेशन कहलाता है। इसकी वजह से समशीतोष्ण क्षेत्र में प्रजातियों की संख्या अधिक होने से वहां की स्थानिक प्रजातियां कम हो रही हैं। इसका मुख्य कारण जलवायु परिवर्तन के कारण बढ़ता समुद्री तापमान माना जा रहा है।

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