IMPORTANT TERMINOLOGY

पाठ्यक्रम में उल्लिखित विषयों की पारिभाषिक शब्दावलियों एवं देश-दुनिया में चर्चा में रही शब्दावलियों से परीक्षाओं में प्रश्न पूछे जाने का चलन तेजी से बढ़ा है। यह खंड वस्तुनिष्ठ और लिखित दोनों परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण है। शब्दावलियों से परिचय अभ्यर्थियों को कम परिश्रम से अधिक अंक लाने में मदद करता है। इस खंड में प्रतिदिन एक महत्वपूर्ण शब्दावली से परिचय कराया जाता है।

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1. बैंकरप्सी (Bankruptcy)

11-Sep-2024

यह दिवालियापन के बाद की कानूनी प्रक्रिया है, जिसके तहत वित्तीय संस्थान अपने ऋण की वसूली कर सकते हैं। इस प्रक्रिया में ऋण की पुनर्संरचना या लिक्विडेशन का प्रयोग किया जाता है। यदि ऋणी एवं ऋणदाता के मध्य आपसी सहमति के आधार पर ऋण भुगतान हो जाए, तो दिवालियापन के बाद बैंकरप्सी की आवश्यकता नहीं होती है।

2. प्रोविजनिंग राशि (Provisioning Amount)

10-Sep-2024

इसके अंतर्गत बैंकों को अपने लाभ का कुछ प्रतिशत सुरक्षित रखना होता है, ताकि NPA (गैर-निष्पादित परिसंपत्ति) में वृद्धि के कारण उत्पन्न जोखिम को नियंत्रित किया जा सके।

3. राइट-ऑफ एसेट्स (Write-off Assets)

09-Sep-2024

 वह परिसंपत्ति जिसके बारे में बैंक की मान्यता है कि ऋणी, ऋण का भुगतान नहीं कर पाएगा। इस स्थिति में बैंक उस परिसंपत्ति को 'राइट-ऑफ' कर देता है। अर्थात् बैंक बकाया राशि के रूप में इस परिसंपत्ति की गणना नहीं करता, यद्यपि शाखा के स्तर पर इसकी वसूली का प्रयास जारी रहता है। यह कार्य बैंकों द्वारा अपनी बैलेंस शीट में सुधार करने के लिये किया जाता है।

4. सामाजिक बैंकिंग (Social Banking) 

07-Sep-2024

सामाजिक बैंकिंग वह अवधारणा है, जिसके तहत गरीबों को समाज की मुख्यधारा में शामिल करने के लिये बैंकिंग सेवाएँ प्रदान की जाती हैं। इसके अंतर्गत उनकी विकासात्मक ज़रूरतों को ध्यान में रखते हुए उन्हें आसान शर्तों पर ऋण की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है।

5. इस्लामिक बैंकिंग (Islamic Banking)

06-Sep-2024

इसे ब्याजरहित बैंकिंग के रूप में भी जाना जाता है। यह इस्लामी या शरिया कानूनों पर आधारित एक बैंकिंग व्यवस्था है, जिसके अंतर्गत सामान्य बैंकिंग व्यवस्था से अलग ब्याज लेना और देना दोनों ही शरीयत के विरुद्ध माना जाता है, क्योंकि इस्लाम में सूदखोरी को हराम माना जाता है।

6. लोरो खाता (Loro Account)

05-Sep-2024

यह खाता एक चालू खाता है, जो एक घरेलू बैंक द्वारा दूसरे घरेलू बैंक के लिए किसी विदेशी बैंक में रखा जाता है। एक लोरो खाता मूल रूप से उस बैंक के लिए नोस्ट्रो खाता है, जिसने खाता खोला था और यह उन बैंकों के लिए एक लोरो खाता होगा, जिनकी ओर से खाता खोला गया था।

7. नोस्ट्रो खाता (Nostro Account)

04-Sep-2024

यदि किसी बैंक की किसी दूसरे देश में कोई शाखा नहीं होती है, तो वह उस देश से धन प्राप्त करने के लिये वहाँ के किसी बैंक में अपना खाता खोलती है, जिसे नोस्ट्रो खाता कहा जाता है।

8. वोस्ट्रो खाता (Vostro Account)

03-Sep-2024

यह एक ऐसा खाता है, जिसे एक प्रतिनिधि बैंक दूसरे बैंक की ओर से रखता है। यदि किसी विदेशी बैंक का भारत में कोई खाता नहीं है, लेकिन उसे भारत में भुगतान प्राप्त करना है, तो वह भारत के किसी बैंक में अपना खाता खोलेगा, जिसे वोस्ट्रो खाता कहा जाएगा।

9. रिवर्स रेपो दर (Reverse Repo Rate)

02-Sep-2024

रिवर्स रेपो रेट वह ब्याज दर है, जिस पर भारतीय रिज़र्व बैंक, वाणिज्यिक बैंको के धन को जमा करके उन्हें ब्याज देता है। इस दर में वृद्धि होने से बैंक, RBI के पास अधिक मात्रा में नकदी जमा करते हैं जिससे अर्थव्यवस्था में मुद्रा की आपूर्ति कम हो जाती है और महंगाई में कमी आती है।  इसका निर्धारण मौद्रिक नीति समिति द्वारा किया जाता है।

10. ट्रिकल डाउन सिद्धांत (Trickle Down Priniciple)

31-Aug-2024

इस सिद्धांत के अनुसार आर्थिक संवृद्धि का लाभ प्राकृतिक कारकों द्वारा वितरित होता है यानी तीव्र आर्थिक संवृद्धि होने पर इस संवृद्धि का लाभ स्वतः ही अंतिम व्यक्ति तक पहुँच जाता है। आर्थिक संवृद्धि के लाभ को बलपूर्वक वितरित करने पर इसका नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।

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